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Friday, February 12, 2021

जहांगीरनामा इन हिंदी PDF | Jahangir Nama PDF Download

 जहांगीरनामा इन हिंदी PDF | Jahangir Nama PDF Download

जहांगीरनामा | Jahangir Nama

Description :-  जहागीर बादशाहकी इस किताब का नाम तुजुक जहांगौरी अर्थात् जहांगीर प्रवन्ध है । तुर्कीभापामें प्रवन्धको तुजुक कहते हैं । पर इस पुस्तकको भोजभवन्ध या वासारपाल प्रवन्ध आदिवो ससान न समझना चाहिये। क्योकि उन पोधियों में बिना संवत् सिती और पते ठिकानेकी कथाएं है और यह पोधी सम्रमाण रोजनामचा है। विस्तारभयसे हमने इस जहांगीरनामेका अक्षर अक्षर अनुवाद नहीं किया है, अधिक स्थानों में सांग में काम लिया है और जहां अच्छा देखा है उसका पूरा प्राशय ले लिया है । तथा कहीं कहीं बादशाह के लेखका यथावत अनुवाद भी किया है ।

बहुत जगह नोट भी लिखे है तथा सुसलमानी और इलाही तारीख और सनीके माथ हिन्दी तिथि और संवत् गणित करके लिखे हैं। इसमें हमें अपनी ३५० वर्षकी इतिहाससहायक जन्वौ से बहुत सहायता मिली है।

इस प्रकार यह काम जो १ अप्रैल सन् १८०१ ईखोमें छैड़ा गया था अब चार सालके परिश्वसके पञ्चात् पूरा हुआ है। पर इतने पर भी जबतक यह काम विद्यानोंके पसन्द न आवे तबतक मैं अपनेको कृतार्थ नहीं समझ सकता। ग्रन्य बनाना सहज नहीं है फिर एक भाषा दूसरी भाषा में अनुवाद करनेके लिये बहुतही समझ चाहिये। उसका मुझमें घाटा है। पर इतने पर भी अपनी मालभाषामें इतिहासका घाटा देखकर इतना साहस करना पड़ा है।

तुजुक जहां गौरी से तारीख महीने और सन् हिजरी भी लिखें है और इलाही भी। हिजरी मुसलमान का पुराना सन् है और इलाहौ अकबरने चलाया था। मैंने दोनों के अनुसार हिन्दी तिधि महीने और वर्ष चण्ड पञ्चाङ्ग से गणित(२) करके इस पुस्तदा यथा स्थान रख दिये है। यह थम न किया जाता तो पाठव ठीक तिथि न समझ सकते।

(२) इस गणितसे मैने एक जन्त्री बना डाली है जो तारीखीके सिलाने में बहुत काम देती है।

पुस्तक का नाम/ Name of Book :   जहांगीर नामा | Jahangir Nama
पुस्तक के लेखक/ Author of Book :  मुंशी देवीप्रसाद - Munshi Deviprasad
श्रेणी / Categories :  इतिहास / History
पुस्तक की भाषा / Language of Book : हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज़ / Size of Book : 32.96 MB
कुल पृष्ठ /Total Pages : 802



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Wednesday, February 10, 2021

मीराबाई का जीवन चरित्र | Meerabai Ka Jivan Charitra PDF Download

मीराबाई का जीवन चरित्र | Mirabai Ka Jivan Charitra PDF Download

मीराबाई का जीवन चरित्र | Meerabai Ka Jivan Charitra

 ॥मीराबाई का जीवन परिचय इन हिंदी

नमो नमो श्री गिरिधर नागर मीरां के प्रभु प्रेम उजागर ॥

हिन्दुस्तान में कम कोई ऐसी बस्ती होगी कि जहाँ किसी मर्द या औरत की जबान पर मीराबाई का नाम न आता हो और बिरला ही कोई मन्दिर होगा कि जहां उनके बनाए हुए भजन और हरिजस न गाये जाते हों लेकिन इस पर भी उनका असली हाल लोगों को बहुत ही कम मालूम है जो न मालूम होने के बराबर है और जो कुछ भक्तमाल वगैरा में लिखा है वह तवारीखी सबूत और तवारीखी दुनियां से बहुत दूर पड़ा हुआ है जिसका सबब यही है कि जिन लोगों ने लिखा है उनकी राज़ तवारीखी तहकीकात से नहीं थी उनका मतलब तो भगवत् भगतों के चरित्र लिखने से था सो उन्होंने उसको हाथ से नहीं जाने दिया जो बात उन्होंने सुनी या उनके जान्ने में ठीक मालूम हुई वह लिख ली इसी तरह करनल टाड ने भी सुनी सुनाई और अटकल पच्चू बातों पर भरोसा करके मीराबाई को राणा कुभाजी की राणी लिखने में गलती की है इससे जियादा गलत बात बाबू कारत्तिक प्रसाद ने मीराबाई के जीवन चरित्र क में यह लिखी है कि मेड़ते के राठोड़ सरदार जैमलकी कन्या मीराबाई ने सं० १४७५ में जन्म लिया था मगर इस जमाने में की असली बातों की छानबीन जियादा होती है बात २ में हिन्दी की चिंदी निकाली और बाल की खाल खेंची जाती है ऐसी वैसी बातों से तसल्ली नहीं होती और जो तहक़ीक़ात की जावे तो जरूर कुछ न कुछ फ़र्क निकलता है और बाजे वक्त बहुत सी असली बातें भी ज़ाहिर हो जाती हैं ।

पुस्तक का नाम/ Name of Book :   मीराबाई का जीवन चरित्र | Meerabai Ka Jivan Charitra
पुस्तक के लेखक/ Author of Book :  मुंशी देवीप्रसाद - Munshi Deviprasad
श्रेणी / Categories :  जीवनी / Biography
पुस्तक की भाषा / Language of Book : हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज़ / Size of Book : 4.65 MB
कुल पृष्ठ /Total Pages : 81



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